सेवा शिविरों की गुणवत्ता पर सरकार का फोकस
Rajasthan Service Camps: राजस्थान सरकार अब सेवा शिविरों की कार्यप्रणाली को और अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में सख्त कदम उठा रही है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने स्पष्ट कर दिया है कि ग्रामीण और शहरी सेवा शिविरों में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि आमजन की समस्याओं के समाधान में ढिलाई बरती गई तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
शनिवार को मुख्यमंत्री निवास पर आयोजित समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री ने ग्रामीण एवं शहरी सेवा शिविरों की प्रगति और आगामी योजनाओं की विस्तार से समीक्षा की।
मौके पर ही हो समस्याओं का स्थायी समाधान
मुख्यमंत्री ने कहा कि सेवा शिविरों का उद्देश्य केवल आवेदन लेना या औपचारिकताएं पूरी करना नहीं है, बल्कि लोगों की समस्याओं का मौके पर और स्थायी समाधान सुनिश्चित करना है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सड़क, पेयजल, बिजली, चिकित्सा और अन्य बुनियादी सुविधाओं से जुड़ी शिकायतों का त्वरित और प्रभावी निस्तारण किया जाए ताकि लोगों को बार-बार सरकारी कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ें।
उन्होंने कहा कि सेवा शिविरों की सफलता तभी मानी जाएगी जब आमजन को वास्तविक राहत मिले और उनकी समस्याओं का स्थायी समाधान हो।
लंबित राजस्व मामलों को सर्वोच्च प्राथमिकता
बैठक में मुख्यमंत्री ने विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों में वर्षों से लंबित राजस्व प्रकरणों पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने निर्देश दिए कि फाइलों में अटके ऐसे मामलों का शीघ्र निस्तारण किया जाए ताकि ग्रामीणों को राहत मिल सके।
इसके साथ ही उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सेवा शिविरों में आने वाले नए मामलों और पहले से लंबित प्रकरणों की अलग-अलग सूची तैयार की जाए। यह सूची प्रत्येक जिले के आधार पर तैयार होगी, जिससे समीक्षा और मॉनिटरिंग अधिक प्रभावी ढंग से की जा सके।
हर विभाग की होगी नियमित मॉनिटरिंग
मुख्यमंत्री ने कहा कि सेवा शिविरों में केवल एक-दो विभाग नहीं बल्कि सभी संबंधित विभाग सक्रिय रूप से कार्य करें। उन्होंने सभी विभागों के कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग करने और तय समय सीमा में कार्य पूरा करने के निर्देश दिए।
सरकार का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि शिविरों के दौरान आमजन को अधिकतम सरकारी सेवाओं का लाभ एक ही स्थान पर मिल सके और विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित हो।
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1 जुलाई से शुरू होगी वीबी-जी राम जी योजना
बैठक में विकसित भारत-गारंटी फॉर रोजगार एवं आजीविका मिशन (ग्रामीण) यानी वीबी-जी राम जी योजना की तैयारियों की भी समीक्षा की गई। मुख्यमंत्री ने संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि 1 जुलाई से योजना के सफल क्रियान्वयन के लिए सभी तैयारियां समय पर पूरी कर ली जाएं।
उन्होंने कहा कि यह योजना रोजगार, आजीविका और ग्रामीण विकास को नई दिशा देगी तथा विकसित राजस्थान-2047 के लक्ष्य को प्राप्त करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। मुख्यमंत्री ने इसे प्रदेश के विकास के लिए एक महत्वपूर्ण पहल बताते हुए सभी विभागों से समन्वय के साथ कार्य करने को कहा।
प्रशासनिक जवाबदेही बढ़ाने की तैयारी
बैठक में मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास सहित मुख्यमंत्री कार्यालय, राजस्व विभाग, नगरीय विकास एवं स्वायत्त शासन विभाग तथा ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। सरकार का स्पष्ट संदेश है कि सेवा शिविरों को परिणाम आधारित बनाकर प्रशासनिक जवाबदेही बढ़ाई जाएगी, ताकि आम नागरिकों को सरकारी योजनाओं और सेवाओं का वास्तविक लाभ समय पर मिल सके।

