राजस्थान बजट 2026-27: 6.10 लाख करोड़ का विकास खाका, 4.3 ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था की ओर बड़ा कदम
Rajasthan Budget 2026: ‘विकसित राजस्थान’ के संकल्प के साथ पेश हुआ बजट
जयपुर, 11 फरवरी। मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि राज्य बजट 2026-27 राजस्थान के समग्र एवं सतत विकास को सुनिश्चित करते हुए प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के ‘विकसित भारत’ के विजन को आगे बढ़ाएगा। विधानसभा में उपमुख्यमंत्री (वित्त) दिया कुमारी द्वारा बजट प्रस्तुत किए जाने के बाद पत्रकार वार्ता में मुख्यमंत्री ने इसे 8 करोड़ प्रदेशवासियों के प्रति सरकार के कर्तव्यों का दस्तावेज बताया।
उन्होंने कहा कि यह बजट तेज आर्थिक विकास, जनता की आशाओं-आकांक्षाओं की पूर्ति और ‘सबका साथ, सबका विकास’ के संकल्प पर आधारित है। अंत्योदय के प्रणेता पं. दीनदयाल उपाध्याय की पुण्यतिथि पर प्रस्तुत यह बजट महिला, युवा, मजदूर, किसान और वंचित वर्ग सहित अंतिम पंक्ति के व्यक्ति के कल्याण को समर्पित है।
6.10 लाख करोड़ का बजट, 41% की वृद्धि
मुख्यमंत्री ने बताया कि वर्ष 2026-27 के बजट का आकार 6 लाख 10 हजार 956 करोड़ रुपये है, जो वर्ष 2023-24 की तुलना में 41 प्रतिशत अधिक है। कुशल वित्तीय प्रबंधन के कारण राज्य की अर्थव्यवस्था में उल्लेखनीय सुधार दर्ज किया गया है।
बजट अनुमानों के अनुसार:
- राज्य की जीएसडीपी 21 लाख 52 हजार 100 करोड़ रुपये होने का अनुमान है।
- प्रतिव्यक्ति आय पहली बार 2 लाख 2 हजार 349 रुपये तक पहुंचने की संभावना है, जो 21.15 प्रतिशत की वृद्धि दर्शाती है।
- पूंजीगत व्यय के लिए 53 हजार 978 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है, जो 2023-24 की तुलना में दोगुना से अधिक है।
- चिकित्सा एवं स्वास्थ्य के लिए 32 हजार 526 करोड़ रुपये।
- ग्रीन बजट के अंतर्गत 33 हजार 476 करोड़ रुपये का प्रावधान।
10 सशक्त स्तम्भों पर आधारित विकास मॉडल
मुख्यमंत्री ने कहा कि बजट 10 प्रमुख स्तम्भों पर आधारित है, जिनमें अवसंरचना विस्तार, गुणवत्तायुक्त नागरिक सुविधाएं, औद्योगिक विकास, मानव संसाधन सशक्तिकरण, सामाजिक सुरक्षा, पर्यटन एवं सांस्कृतिक धरोहर संरक्षण, सुशासन व डिजिटल परिवर्तन, कृषि विकास, हरित विकास तथा 2047 तक 4.3 ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था का लक्ष्य शामिल है।
सरकार ने पूर्व बजट घोषणाओं के क्रियान्वयन में भी उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है। बजट 2025-26 की 86 प्रतिशत और 2024-25 की 93 प्रतिशत घोषणाओं को अमल में लाया गया है।
युवाओं के लिए रोजगार और पारदर्शी परीक्षा व्यवस्था
प्रतियोगी परीक्षाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए राजस्थान स्टेट टेस्टिंग एजेंसी (RSTA) की स्थापना की घोषणा की गई है। इसके तहत आधुनिक ऑनलाइन टेस्टिंग सेंटर विकसित किए जाएंगे।
सरकार ने 5 वर्षों में 4 लाख नौकरियों के संकल्प की दिशा में अब तक 1 लाख से अधिक सरकारी नियुक्तियां दी हैं। 1.54 लाख पदों पर भर्ती प्रक्रियाधीन है और 1 लाख पदों का भर्ती कैलेंडर जारी किया गया है। निजी क्षेत्र में 2 लाख से अधिक रोजगार अवसर सृजित किए गए हैं।
किसानों और जल परियोजनाओं पर विशेष फोकस
वीबी जी राम जी योजना के लिए 4 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। किसान सम्मान निधि के तहत 76 लाख किसानों को 10 हजार 900 करोड़ रुपये से अधिक की राशि डीबीटी के माध्यम से दी गई है।
यमुना जल को शेखावाटी क्षेत्र तक पहुंचाने के लिए 32 हजार करोड़ रुपये के कार्य प्रारंभ होंगे। रामजल सेतु लिंक परियोजना के लिए 26 हजार करोड़ रुपये के कार्यादेश जारी किए जा चुके हैं। साथ ही जिला मुख्यालयों पर नमो नर्सरी, पंचायत स्तर पर नमो पार्क और 16 जिलों में ऑक्सीजोन स्थापित किए जाएंगे।
शिक्षा और स्वास्थ्य क्षेत्र में बड़ा निवेश
शिक्षा क्षेत्र के लिए 69 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है, जो 2023-24 से 35 प्रतिशत अधिक है। 400 स्कूलों को सीएम राइज विद्यालयों के रूप में क्रमोन्नत किया जाएगा।
स्वास्थ्य क्षेत्र में जयपुर के जे.के. लोन अस्पताल में 500 बेड का आईपीडी टावर तथा आरयूएचएस में 200 बेड का पीडियाट्रिक आईपीडी विकसित किया जाएगा।
महिला सशक्तिकरण और पर्यटन को बढ़ावा
जिला स्तर पर रूरल महिला बीपीओ स्थापित किए जाएंगे। महिला स्वयं सहायता समूहों की ऋण सीमा 50 लाख से बढ़ाकर 1 करोड़ रुपये की गई है। लखपति दीदी योजना के अंतर्गत ऋण सीमा 1 लाख से बढ़ाकर 1.5 लाख रुपये कर दी गई है।
पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए जैसलमेर के खुड़ी में अल्ट्रा लग्जरी स्पेशल टूरिज्म जोन विकसित होगा। शेखावाटी हवेली योजना के तहत 660 से अधिक हवेलियों के पुनरुद्धार के लिए 200 करोड़ रुपये का प्रावधान है।
कार्मिकों के हित में उच्च स्तरीय समिति
कर्मचारी संगठनों की वेतनमान एवं पदोन्नति संबंधी मांगों के परीक्षण हेतु उच्च स्तरीय समिति गठित की जाएगी। यह समिति भविष्य में आठवें वेतन आयोग की सिफारिशों के क्रियान्वयन पर भी विचार करेगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह बजट राजस्थान को विकसित, समृद्ध और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में मजबूत कदम है।





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