सेक्शुअली एक्टिव होने के बाद भी असरदार है HPV वैक्सीन? एक्सपर्ट ने दिए 10 अहम सवालों के वैज्ञानिक जवाब
HPV एक खामोश वायरस है, लेकिन इसका असर बेहद गंभीर हो सकता है। सही उम्र में वैक्सीन लगवाना सबसे बेहतर बचाव है, लेकिन अगर देर भी हो जाए, तो सेक्शुअली एक्टिव होने के बाद भी वैक्सीन से फायदा मिल सकता है। जागरूकता और समय पर टीकाकरण ही HPV से बचने का सबसे मजबूत तरीका है।
HPV vaccine after sexual activity : HPV यानी ह्यूमन पैपिलोमावायरस एक खामोश लेकिन खतरनाक संक्रमण है, जो आगे चलकर सर्वाइकल कैंसर समेत कई गंभीर बीमारियों की वजह बन सकता है। अक्सर लोगों के मन में सवाल होता है कि अगर कोई पहले से सेक्शुअली एक्टिव है, तो क्या HPV वैक्सीन अब भी काम करती है? एक्सपर्ट के जवाब आपको चौंका सकते हैं।
HPV (ह्यूमन पैपिलोमावायरस) दुनिया के सबसे आम लेकिन सबसे कम समझे जाने वाले वायरसों में से एक है। यह संक्रमण अक्सर बिना किसी लक्षण के शरीर में मौजूद रहता है, लेकिन सालों बाद कैंसर जैसी गंभीर बीमारी का कारण बन सकता है। खासकर महिलाओं में सर्वाइकल कैंसर का सबसे बड़ा कारण HPV को माना जाता है।
सबसे बड़ा भ्रम यही है कि अगर कोई व्यक्ति पहले से सेक्शुअली एक्टिव है, तो HPV वैक्सीन बेकार हो जाती है। एक्सपर्ट्स के मुताबिक, यह पूरी तरह सच नहीं है। सही जानकारी और समय पर फैसला आपकी सेहत को लंबे समय तक सुरक्षित रख सकता है। आइए जानते हैं HPV और वैक्सीन से जुड़े 10 जरूरी सवालों के जवाब।

1. HPV क्या है और यह कितना आम है?
HPV 200 से ज्यादा वायरसों का समूह है। इनमें से कुछ सामान्य होते हैं, जबकि कुछ हाई-रिस्क टाइप्स कैंसर का कारण बन सकते हैं। डॉक्टरों के अनुसार, सेक्शुअली एक्टिव लगभग हर व्यक्ति को जीवन में कभी न कभी HPV संक्रमण हो सकता है।
2. HPV कैसे फैलता है?
HPV मुख्य रूप से स्किन-टू-स्किन सेक्शुअल कॉन्टैक्ट से फैलता है। इसमें वेजाइनल, एनल और ओरल सेक्स शामिल हैं। कई मामलों में यह संक्रमण बिना किसी लक्षण के फैलता रहता है, जिससे व्यक्ति को पता भी नहीं चलता।
3. HPV किन बीमारियों से जुड़ा है?
HPV का सीधा संबंध सर्वाइकल कैंसर से है। इसके अलावा यह एनल कैंसर, गले का कैंसर, पेनाइल कैंसर, वल्वर और वेजाइनल कैंसर का भी कारण बन सकता है। कुछ HPV टाइप्स जेनिटल वॉर्ट्स का कारण भी बनते हैं।
4. HPV वैक्सीन लगवाने की सही उम्र क्या है?
HPV वैक्सीन 9 से 12 साल की उम्र में सबसे ज्यादा असरदार मानी जाती है। इस उम्र में वैक्सीन से शरीर में मजबूत इम्यूनिटी बनती है और भविष्य में संक्रमण का खतरा काफी हद तक कम हो जाता है।
5. कितनी डोज जरूरी होती हैं?
9 से 14 साल के बच्चों के लिए 2 डोज पर्याप्त होती हैं। वहीं 15 साल से ऊपर के लोगों या कमजोर इम्यूनिटी वाले व्यक्तियों को 3 डोज की जरूरत होती है।
6. क्या सेक्शुअली एक्टिव लोगों के लिए वैक्सीन फायदेमंद है?
हां, बिल्कुल। अगर आप सेक्शुअली एक्टिव हैं, तब भी HPV वैक्सीन फायदेमंद हो सकती है। कारण यह है कि संभव है आप सभी हाई-रिस्क HPV टाइप्स के संपर्क में न आए हों। वैक्सीन भविष्य के संक्रमण से बचाव करती है, हालांकि यह पहले से मौजूद संक्रमण का इलाज नहीं करती।
7. क्या HPV वैक्सीन सुरक्षित है?
HPV वैक्सीन को पूरी दुनिया में सुरक्षित माना गया है। इसके साइड इफेक्ट्स आमतौर पर हल्के होते हैं, जैसे इंजेक्शन वाली जगह दर्द, हल्का बुखार या थकान। गंभीर रिएक्शन बहुत ही दुर्लभ होते हैं।
8. क्या अच्छी हाइजीन HPV से बचा सकती है?
नहीं। HPV गंदगी से नहीं बल्कि स्किन-टू-स्किन कॉन्टैक्ट से फैलता है। कंडोम इस्तेमाल करने से रिस्क कम जरूर होता है, लेकिन यह 100% सुरक्षा नहीं देता।
9. अगर बचपन में वैक्सीन नहीं लगी तो क्या करें?
अगर आपने कम उम्र में HPV वैक्सीन नहीं लगवाई, तो 26 साल तक कैच-अप वैक्सीनेशन कराया जा सकता है। कुछ मामलों में डॉक्टर की सलाह से 45 साल तक भी वैक्सीन लगाई जा सकती है।
10. क्या HPV वैक्सीन फर्टिलिटी या सेक्शुअल हेल्थ को नुकसान पहुंचाती है?
एक्सपर्ट्स के अनुसार, HPV वैक्सीन का फर्टिलिटी, हार्मोन्स या सेक्शुअल हेल्थ पर कोई नकारात्मक असर नहीं पड़ता। बल्कि यह भविष्य में कैंसर के खतरे को कम कर रिप्रोडक्टिव हेल्थ को सुरक्षित रखने में मदद करती है।
HPV एक खामोश वायरस है, लेकिन इसका असर बेहद गंभीर हो सकता है। सही उम्र में वैक्सीन लगवाना सबसे बेहतर बचाव है, लेकिन अगर देर भी हो जाए, तो सेक्शुअली एक्टिव होने के बाद भी वैक्सीन से फायदा मिल सकता है। जागरूकता और समय पर टीकाकरण ही HPV से बचने का सबसे मजबूत तरीका है।



