जयपुर में भव्य आयोजन के साथ सम्पन्न हुआ दीक्षांत समारोह
IGNOU Convocation Jaipur : इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय (इग्नू) का 39वां दीक्षांत समारोह मंगलवार को देशभर के मुख्यालय और सभी क्षेत्रीय केंद्रों पर एक साथ आयोजित किया गया। मुख्य कार्यक्रम नई दिल्ली स्थित मुख्यालय में आयोजित हुआ, जबकि जयपुर क्षेत्रीय केंद्र का समारोह एआईसीटीई सभागार में सम्पन्न हुआ।
जयपुर में आयोजित इस कार्यक्रम में राजस्थान सरकार के उपमुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। समारोह में बड़ी संख्या में विद्यार्थियों, शिक्षकों और अधिकारियों ने भाग लिया।
इग्नू की उपलब्धियाँ और शिक्षा का विस्तार
इग्नू क्षेत्रीय केंद्र जयपुर की वरिष्ठ क्षेत्रीय निदेशक डॉ. ममता भाटिया ने अपने स्वागत भाषण में विश्वविद्यालय की वार्षिक रिपोर्ट प्रस्तुत की। उन्होंने बताया कि इग्नू का मुख्य उद्देश्य गुणवत्तापूर्ण शिक्षा को हर घर तक पहुँचाना है।
उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय उन विद्यार्थियों को भी शिक्षा से जोड़ रहा है, जो किसी कारणवश अपनी पढ़ाई बीच में छोड़ चुके हैं। आज इग्नू का हर विद्यार्थी एक ‘शिक्षा दूत’ की भूमिका निभा रहा है।
डॉ. भाटिया ने यह भी जानकारी दी कि जयपुर क्षेत्रीय केंद्र को वर्ष 2025 में राष्ट्रीय स्तर पर “सर्वश्रेष्ठ क्षेत्रीय केंद्र पुरस्कार” से सम्मानित किया गया।

तीन विद्यार्थियों को मिला स्वर्ण पदक
इस अवसर पर जयपुर क्षेत्रीय केंद्र के तीन प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को स्वर्ण पदक से सम्मानित किया गया।
- रमेश गर्ग – एमबीए (बैंकिंग एवं वित्त)
- साना फूटेला – बीए (ऑनर्स) राजनीति विज्ञान
- कान्हा परनामी – एमए (फ्रेंच)
इन विद्यार्थियों ने राष्ट्रीय स्तर पर प्रथम स्थान प्राप्त कर क्षेत्रीय केंद्र का नाम रोशन किया।
लाखों विद्यार्थियों को मिली उपाधियाँ
इस 39वें दीक्षांत समारोह (IGNOU Convocation Jaipur 2026) में देशभर में कुल 3,24,835 विद्यार्थियों को डिग्रियां प्रदान की गईं। इनमें से जयपुर क्षेत्रीय केंद्र के 13,916 विद्यार्थियों को विभिन्न पाठ्यक्रमों में उपाधियाँ दी गईं।
शिक्षा से बढ़ेगी बौद्धिक क्षमता: डॉ. बैरवा
अपने संबोधन में उपमुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा ने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि उन्हें केवल पाठ्यपुस्तकों तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि अतिरिक्त ज्ञान भी अर्जित करना चाहिए।
उन्होंने कहा कि शिक्षा केवल डिग्री प्राप्त करने का माध्यम नहीं है, बल्कि यह राष्ट्र निर्माण की आधारशिला है।
जेल शिक्षा बनी मील का पत्थर
डॉ. बैरवा ने इग्नू द्वारा जेलों में बंद कैदियों को शिक्षा प्रदान करने की पहल को सराहते हुए इसे “मील का पत्थर” बताया। उन्होंने कहा कि शिक्षा अज्ञान के अंधकार को दूर कर समाज में समानता और न्याय स्थापित करने में मदद करती है।
महिलाओं के लिए शिक्षा का मजबूत माध्यम
उन्होंने यह भी कहा कि इग्नू महिलाओं के लिए शिक्षा का एक प्रभावी मंच बन गया है, जिससे वे अपनी सुविधानुसार पढ़ाई कर सकती हैं और आत्मनिर्भर बन सकती हैं।
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कार्यक्रम का सफल संचालन
कार्यक्रम का संचालन डॉ. इंदू रवि द्वारा किया गया, जबकि अंत में सहायक कुलसचिव डॉ. पवन कुमार ने धन्यवाद ज्ञापित किया। इस अवसर पर कई शिक्षाविद और अधिकारी उपस्थित रहे।
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