AI ‘स्मार्ट खिलौने’ बने खतरा! बच्चों को सिखा रहे सेक्स, हिंसा और कम्युनिज़्म — चीन कनेक्शन से अमेरिका में हड़कंप
अमेरिका में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से लैस बच्चों के खिलौनों को लेकर गंभीर चिंता खड़ी हो गई है। आरोप है कि कुछ **AI स्मार्ट टेडी बेयर और डिजिटल खिलौने** बच्चों को यौन विषयों, हिंसक गतिविधियों और राजनीतिक विचारधाराओं की जानकारी दे रहे हैं।
AI smart toys safety concerns: अमेरिका में AI खिलौनों पर बड़ा विवाद
अमेरिका में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से लैस बच्चों के खिलौनों को लेकर गंभीर चिंता खड़ी हो गई है। आरोप है कि कुछ AI स्मार्ट टेडी बेयर और डिजिटल खिलौने बच्चों को यौन विषयों, हिंसक गतिविधियों और राजनीतिक विचारधाराओं की जानकारी दे रहे हैं।
इस मामले में रिपब्लिकन सीनेटर Marsha Blackburn और डेमोक्रेट सीनेटर Richard Blumenthal ने छह प्रमुख खिलौना कंपनियों को पत्र भेजकर जवाब मांगा है।
बच्चों से आपत्तिजनक बातचीत का खुलासा
जांच में सामने आया कि FoloToy का ‘Kumma Bear’, जो 3 साल तक के बच्चों के लिए बेचा जा रहा था और ChatGPT-आधारित AI पर काम करता है, बच्चों से सेक्स जैसे संवेदनशील विषयों पर बातचीत कर रहा था।
यह खुलासा NBC News की जांच में हुआ।
इसी तरह Alilo Smart AI Bunny ने भी बच्चों से अनुचित संवाद किया। एक AI खिलौने ने तो बच्चों को घर में माचिस और चाकू ढूंढने तक के निर्देश दे दिए।
पैरेंटल कंट्रोल पर सवाल
US PIRG Education Fund की रिपोर्ट “Trouble in Toyland 2025” में चेतावनी दी गई है कि कई AI खिलौनों में या तो बेहद कमजोर या बिल्कुल भी पैरेंटल कंट्रोल नहीं हैं।
रिपोर्ट के अनुसार, कुछ खिलौनों ने माता-पिता को फर्जी रिपोर्ट भेजकर बच्चों के असली स्क्रीन टाइम को छिपाया।
आलोचना के बाद FoloToy ने अपने उत्पाद वेबसाइट से हटाए, फिर “सुरक्षा ऑडिट” का दावा करते हुए दोबारा लिस्ट कर दिया और गलती “शुरुआती AI मॉडल” पर डाल दी।
चीन कनेक्शन से बढ़ी टेंशन
इस विवाद में चीन एंगल ने चिंता और बढ़ा दी है। रिपोर्ट के मुताबिक चीन में 1,500 से ज्यादा AI खिलौना कंपनियां सक्रिय हैं।
House Select Committee on Chinese Communist Party के वरिष्ठ डेमोक्रेट Raja Krishnamoorthi पहले ही चेतावनी दे चुके हैं कि चीन-निर्मित AI खिलौने अमेरिकी बच्चों की सुरक्षा और गोपनीयता के लिए बड़ा खतरा हो सकते हैं।
कुछ कंपनियां, जैसे Miko, स्वीकार करती हैं कि वे बच्चों का चेहरा, आवाज़ और भावनात्मक डेटा तीन साल तक स्टोर करती हैं।
“स्पष्ट और मौजूदा खतरा” — सीनेटर ब्लूमेंथल
सीनेटर ब्लूमेंथल ने सख्त शब्दों में कहा,
“आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस अब खिलौनों की दुनिया में घुस चुका है। यह एक स्पष्ट और मौजूदा खतरा है। बिग टेक पर भरोसा नहीं किया जा सकता।”
इसी बीच Mattel (Barbie बनाने वाली कंपनी) और OpenAI के बीच AI खिलौनों को लेकर रणनीतिक साझेदारी ने भी चिंता बढ़ा दी है।
सबसे बड़े सवाल जो अब उठ रहे हैं
- बच्चों का डेटा आखिर जाता कहां है?
- इसे कौन एक्सेस करता है?
- क्या यह डेटा चीनी सर्वरों तक पहुंच रहा है?
विशेषज्ञों का कहना है कि AI खिलौनों का बाजार 2035 तक 25 अरब डॉलर का हो सकता है, लेकिन फिलहाल अमेरिका में
- कोई संघीय नियम नहीं
- कोई अनिवार्य टेस्टिंग नहीं
- बच्चों के लिए ठोस सुरक्षा ढांचा नहीं




