‘सेवा तीर्थ’ से पीएम मोदी के 4 बड़े फैसले: लखपति दीदी का लक्ष्य दोगुना, किसानों और स्टार्टअप्स को मेगा बूस्ट
PM RAHAT योजना की मंजूरी, एग्रीकल्चर फंड 2 लाख करोड़, 10,000 करोड़ का स्टार्टअप इंडिया FoF 2.0 लॉन्च; महिला सशक्तिकरण और युवा नवाचार पर खास फोकस
Lakhpati Didi target doubled: नई दिल्ली। प्रधानमंत्री Narendra Modi ने पीएमओ के नए परिसर ‘सेवा तीर्थ’ से देशहित में चार अहम फैसलों की घोषणा की है। इन निर्णयों में महिला सशक्तिकरण, किसानों की आय, युवाओं के स्टार्टअप इकोसिस्टम और नागरिकों की स्वास्थ्य सुरक्षा पर खास जोर दिया गया है। ‘सेवा तीर्थ’ को प्रशासनिक दक्षता और जनभागीदारी बढ़ाने के उद्देश्य से आधुनिक, डिजिटल और एकीकृत सुविधाओं के साथ विकसित किया गया है।
सरकार के अनुसार, इन फैसलों का लक्ष्य समावेशी विकास को नई गति देना और वंचित वर्गों को मुख्यधारा से जोड़ना है।
1. PM RAHAT स्कीम: हर नागरिक के लिए जीवन रक्षक सुरक्षा
प्रधानमंत्री ने PM RAHAT योजना को मंजूरी दी है। इस पहल के तहत सड़क दुर्घटना या अन्य आपात स्थिति में घायल लोगों को 1.5 लाख रुपये तक का कैशलेस इलाज उपलब्ध कराया जाएगा।
इस योजना का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि आर्थिक तंगी के कारण किसी भी व्यक्ति को समय पर उपचार से वंचित न रहना पड़े। सरकार का मानना है कि गोल्डन ऑवर में त्वरित और कैशलेस इलाज से हजारों जानें बचाई जा सकेंगी।
यह कदम स्वास्थ्य सुरक्षा को सामाजिक सुरक्षा के दायरे में और मजबूत बनाता है।
2. लखपति दीदी का लक्ष्य दोगुना: अब 6 करोड़ का टारगेट
महिला सशक्तिकरण की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए ‘लखपति दीदी’ योजना का लक्ष्य दोगुना कर दिया गया है। सरकार पहले ही 3 करोड़ लखपति दीदियों का लक्ष्य तय समय से पहले हासिल कर चुकी है।
अब नया लक्ष्य मार्च 2029 तक 6 करोड़ महिलाओं को ‘लखपति दीदी’ बनाना है। इसका अर्थ है कि स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं की आय को बढ़ाकर उन्हें आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाया जाएगा।
यह फैसला ग्रामीण अर्थव्यवस्था में महिलाओं की भागीदारी को और मजबूत करेगा और सामाजिक-आर्थिक बदलाव की नई धारा पैदा करेगा।
3. किसानों को बड़ा बूस्ट: एग्रीकल्चर इंफ्रास्ट्रक्चर फंड दोगुना
किसानों की आय बढ़ाने और कृषि मूल्य श्रृंखला को मजबूत करने के लिए एग्रीकल्चर इंफ्रास्ट्रक्चर फंड को 1 लाख करोड़ रुपये से बढ़ाकर 2 लाख करोड़ रुपये कर दिया गया है।
इससे कोल्ड स्टोरेज, वेयरहाउसिंग, प्रोसेसिंग यूनिट और सप्लाई चेन जैसी सुविधाओं को विस्तार मिलेगा। सरकार का लक्ष्य है कि कृषि क्षेत्र में आधुनिक तकनीक और बेहतर लॉजिस्टिक्स के जरिए किसानों को अधिक लाभ मिले और बिचौलियों पर निर्भरता घटे।
यह निर्णय ग्रामीण रोजगार और कृषि निर्यात को भी प्रोत्साहन देगा।
4. स्टार्टअप इंडिया फंड ऑफ फंड्स 2.0: 10,000 करोड़ का कॉर्पस
युवाओं और नवाचार को बढ़ावा देने के लिए 10,000 करोड़ रुपये के कॉर्पस के साथ स्टार्टअप इंडिया फंड ऑफ फंड्स 2.0 को मंजूरी दी गई है।
यह फंड खासकर डीप टेक, एडवांस्ड मैन्युफैक्चरिंग, शुरुआती स्टेज के स्टार्टअप और ब्रेकथ्रू टेक्नोलॉजी पर केंद्रित होगा। इसका उद्देश्य भारत के इनोवेशन इकोसिस्टम को वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी बनाना है।
सरकार का मानना है कि यह पहल नए रोजगार सृजन और तकनीकी आत्मनिर्भरता को गति देगी।
‘सेवा तीर्थ’ और प्रशासनिक सुधार
दशकों से कई मंत्रालय सेंट्रल विस्टा क्षेत्र में बिखरे और पुराने कार्यालयों से काम कर रहे थे, जिससे समन्वय में कठिनाई और मेंटेनेंस लागत बढ़ती थी।
नए ‘सेवा तीर्थ’ और ‘कर्तव्य भवन’ में डिजिटल रूप से एकीकृत कार्यालय, केंद्रीकृत रिसेप्शन और बेहतर पब्लिक इंटरफेस ज़ोन बनाए गए हैं। इससे प्रशासनिक दक्षता, पारदर्शिता और नागरिकों की भागीदारी में सुधार की उम्मीद है।
समावेशी विकास की ओर बड़ा कदम
‘सेवा तीर्थ’ से लिए गए ये चार फैसले स्पष्ट करते हैं कि सरकार महिला सशक्तिकरण, किसान कल्याण, युवा नवाचार और स्वास्थ्य सुरक्षा को प्राथमिकता दे रही है।
लखपति दीदी लक्ष्य दोगुना करने से लेकर एग्रीकल्चर फंड और स्टार्टअप निवेश तक—ये सभी कदम दीर्घकालिक और व्यापक विकास की दिशा में महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं।




