हनुमानगढ़ में किसानों से रूबरू हुए मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, सिंचाई, बिजली और MSP बोनस पर लिया फीडबैक
Bhajanlal Sharma farmers meeting: राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने रविवार को हनुमानगढ़ में किसानों के साथ संवाद कर खेती-किसानी से जुड़े अहम मुद्दों पर चर्चा की। अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम में शामिल होने के बाद मुख्यमंत्री ने श्रीगंगानगर और हनुमानगढ़ क्षेत्र के किसानों से मुलाकात की और सिंचाई, बिजली आपूर्ति तथा कृषि योजनाओं को लेकर उनका फीडबैक लिया।
इस दौरान किसानों ने राज्य सरकार की ओर से गेहूं की एमएसपी खरीद पर 150 रुपये प्रति क्विंटल बोनस की बजटीय घोषणा और नहरी तंत्र के सुदृढ़ीकरण के प्रयासों के लिए मुख्यमंत्री का आभार भी जताया।
किसानों ने गेहूं का गुलदस्ता देकर किया स्वागत
कार्यक्रम के दौरान किसानों ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा का विशेष तरीके से स्वागत किया। किसानों ने उन्हें गेहूं का गुलदस्ता भेंट कर सम्मानित किया और राज्य सरकार की योजनाओं के प्रति आभार व्यक्त किया।
किसानों का कहना था कि बजट में गेहूं की एमएसपी खरीद पर अतिरिक्त बोनस की घोषणा से उन्हें आर्थिक रूप से काफी राहत मिलेगी। इसके साथ ही नहरों के सुदृढ़ीकरण और सिंचाई व्यवस्था को मजबूत बनाने के प्रयास भी किसानों के लिए सकारात्मक कदम हैं।
मुख्यमंत्री ने किसानों से किया सीधा संवाद
मुख्यमंत्री ने किसानों के साथ खुलकर बातचीत की और खेती से जुड़े कई मुद्दों पर उनकी राय जानी। उन्होंने बिजली आपूर्ति, नहरों के सुदृढ़ीकरण, फिरोजपुर फीडर की पानी वहन क्षमता बढ़ाने और सिंचाई से जुड़ी समस्याओं पर किसानों से फीडबैक लिया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याओं को समझना और उनका समाधान करना सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सरकार किसानों के हितों को ध्यान में रखते हुए लगातार काम कर रही है।

अनाज उत्पादन में श्रीगंगानगर और हनुमानगढ़ का बड़ा योगदान
मुख्यमंत्री ने कहा कि श्रीगंगानगर और हनुमानगढ़ जिले राजस्थान के प्रमुख कृषि क्षेत्र हैं और यहां के किसानों का राज्य को अनाज उत्पादन में अग्रणी बनाने में महत्वपूर्ण योगदान है।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार इन क्षेत्रों में सिंचाई व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाने के लिए ठोस कदम उठा रही है, ताकि किसानों को खेती के लिए पर्याप्त पानी मिल सके।
सिंचाई परियोजनाओं पर तेजी से हो रहा काम
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने बताया कि राज्य सरकार जल संसाधनों के बेहतर उपयोग और सिंचाई सुविधाओं के विस्तार के लिए कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं पर काम कर रही है।
उन्होंने कहा कि अन्य राज्यों के साथ जल से जुड़े मुद्दों को सुलझाने की दिशा में भी प्रयास किए जा रहे हैं। इन योजनाओं के पूरा होने से हनुमानगढ़ और श्रीगंगानगर क्षेत्र के किसानों को भविष्य में सिंचाई के लिए अधिक पानी मिल सकेगा।
कम पानी वाली फसलों और प्राकृतिक खेती पर जोर
मुख्यमंत्री ने किसानों से खेती के आधुनिक तरीकों को अपनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि समय के साथ खेती की पद्धतियों में बदलाव आ रहा है, इसलिए किसानों को ऐसी फसलों को अपनाना चाहिए जिनमें पानी की खपत कम हो और लाभ अधिक मिले।
उन्होंने प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने की भी बात कही और किसानों को फसलों में सीमित रासायनिक खाद तथा गोबर खाद के उपयोग की सलाह दी।
किसानों के लिए सरकार की कई योजनाएं
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार किसानों की आय बढ़ाने के लिए कई योजनाएं चला रही है।
दुग्ध उत्पादकों को 5 रुपये प्रति लीटर का अनुदान दिया जा रहा है। इसके अलावा किसानों को 50 हजार करोड़ रुपये तक का ब्याजमुक्त अल्पकालीन फसली ऋण उपलब्ध कराया गया है।
कृषि यंत्रों पर भी किसानों को सब्सिडी दी जा रही है। साथ ही किसान सम्मान निधि योजना के तहत केंद्र सरकार की 6 हजार रुपये की राशि के अलावा राज्य सरकार द्वारा अतिरिक्त 3 हजार रुपये की सहायता दी जा रही है।
फसल बीमा और खाद उपलब्धता पर दिया भरोसा
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत फसल खराब होने पर किसानों को मुआवजा देने की व्यवस्था की गई है और इसमें किसी भी प्रकार की अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उन्होंने किसानों को आश्वस्त किया कि राज्य में खाद की कमी नहीं होने दी जाएगी और इसके लिए पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है।
महिला दिवस पर खास व्यवस्था
अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर आयोजित इस कार्यक्रम में एक विशेष पहल भी देखने को मिली। मुख्यमंत्री की सुरक्षा की जिम्मेदारी महिला पुलिसकर्मियों को सौंपी गई थी, जो महिला सशक्तिकरण का प्रतीक माना गया।
इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री दिया कुमारी, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री सुमित गोदारा, विधायक संजीव बेनीवाल, गुरवीर बराड़, गणेशराज बंसल सहित कई जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे।




