रोहतक | 29 जुलाई – (Guru Ravidas Samras Sankalp Abhiyan गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर भारतीय जनता पार्टी द्वारा गुरु रविदास समरस संकल्प अभियान (Guru Ravidas Samras Sankalp Abhiyan) के अंतर्गत रोहतक के तेज कॉलोनी स्थित गुरु रविदास गुरुद्वारा में दीप प्रज्ज्वलित कर अभियान का विधिवत शुभारंभ किया गया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में सामाजिक कार्यकर्ता, श्रद्धालु एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। कार्यक्रम का नेतृत्व अभियान के जिला संयोजक डॉ. अशोक कुमार रंगा ने किया।
कार्यक्रम की शुरुआत संत शिरोमणि गुरु रविदास जी महाराज की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन एवं पुष्प अर्पित कर की गई। उपस्थित सभी लोगों ने गुरु रविदास जी के बताए मार्ग पर चलने, समाज में समानता, भाईचारा और सामाजिक समरसता को बढ़ावा देने का सामूहिक संकल्प लिया। कार्यक्रम का उद्देश्य गुरु रविदास जी की शिक्षाओं को जन-जन तक पहुँचाना तथा समाज में आपसी सद्भाव और राष्ट्रीय एकता की भावना को मजबूत करना रहा।
इस अवसर पर अपने संबोधन में डॉ. अशोक कुमार रंगा ने कहा कि गुरु रविदास जी महाराज ने अपने जीवन और वाणी के माध्यम से समाज को समता, सद्भाव, मानव सेवा और सामाजिक न्याय का अमूल्य संदेश दिया। उनके विचार आज भी समाज के लिए उतने ही प्रेरणादायक और प्रासंगिक हैं जितने सदियों पहले थे। उन्होंने कहा कि गुरु रविदास समरस संकल्प अभियान का मुख्य उद्देश्य गुरु रविदास जी की शिक्षाओं, उनके भक्ति भाव और समतामूलक विचारों को समाज के प्रत्येक वर्ग, विशेषकर युवा पीढ़ी तक पहुँचाना है, ताकि सामाजिक भेदभाव समाप्त हो और सभी वर्गों में समानता की भावना विकसित हो सके।
डॉ. रंगा ने संत गुरु रविदास जी की प्रसिद्ध पंक्तियों का उल्लेख करते हुए कहा—
“ऐसा चाहूँ राज मैं, जहाँ मिले सबन को अन्न,
छोट-बड़े सब सम बसें, रविदास रहे प्रसन्न।”
उन्होंने कहा कि यह संदेश केवल धार्मिक नहीं बल्कि सामाजिक और मानवीय मूल्यों का भी प्रतीक है। यदि समाज गुरु रविदास जी के इन आदर्शों को अपनाए तो सामाजिक समरसता, भाईचारा और राष्ट्रीय एकता को नई मजबूती मिल सकती है।
उन्होंने उपस्थित लोगों से आह्वान किया कि वे अपने दैनिक जीवन में समानता, सेवा, सद्भाव और मानवता के मूल्यों को अपनाएं तथा समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने में अपनी सक्रिय भूमिका निभाएं। उन्होंने कहा कि गुरु रविदास जी की शिक्षाएँ आज के समय में सामाजिक सौहार्द और समावेशी समाज के निर्माण के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं।
डॉ. अशोक कुमार रंगा ने बताया कि गुरु रविदास जी महाराज के 650वें प्रकाश पर्व के उपलक्ष्य में अभियान के अंतर्गत विभिन्न धार्मिक, सामाजिक, सांस्कृतिक एवं जनजागरण कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इन कार्यक्रमों के माध्यम से संत गुरु रविदास जी के जीवन-दर्शन, उनके सामाजिक योगदान तथा उनके प्रेरणादायी विचारों को समाज के प्रत्येक वर्ग तक पहुँचाया जाएगा। अभियान के दौरान युवाओं, महिलाओं और विभिन्न सामाजिक संगठनों की सहभागिता भी सुनिश्चित की जाएगी, ताकि सामाजिक समरसता का संदेश व्यापक स्तर पर प्रसारित हो सके।
उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा संत गुरु रविदास की यात्राओं एवं उनकी आध्यात्मिक विरासत से जुड़े प्रमुख तीर्थ स्थलों और परिसरों के समग्र विकास एवं जीर्णोद्धार कार्यों की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि ऐसे प्रयास संतों की विरासत को संरक्षित करने और नई पीढ़ी को उनके जीवन मूल्यों से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
कार्यक्रम के समापन पर सभी श्रद्धालुओं ने गुरुद्वारे में आयोजित लंगर प्रसाद ग्रहण किया। इस दौरान सामाजिक समरसता, राष्ट्रीय एकता और मानव सेवा की भावना को आगे बढ़ाने का सामूहिक संकल्प दोहराया गया।
इस अवसर पर राजकुमार शर्मा, बीर सिंह हुड्डा, दलबीर कालसन, मनजीत मेहरा, प्रदीप सिंधु, संत कुमार, प्रीतम साजलान, विनोद अहल्यान तथा प्रवीण सोहल सहित अनेक गणमान्य नागरिक, सामाजिक कार्यकर्ता एवं श्रद्धालु उपस्थित रहे। सभी ने गुरु रविदास जी के आदर्शों का अनुसरण करते हुए समाज में समानता, भाईचारे और सामाजिक समरसता को और अधिक सशक्त बनाने का संकल्प लिया।
इस आयोजन ने गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर संत गुरु रविदास जी के संदेशों को जन-जन तक पहुँचाने और समाज में समरसता एवं सद्भाव को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल का संदेश दिया।

